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Showing posts with the label Lok Sabha elections 2019

15 साल पुरानी खटारा गाड़ी की तरह काला धुंआ छोड़ने लगी है शिवराज सरकारः' नवजोत सिंह सिद्धू

अब प्रदेश की शिवराज सरकार भी 15 साल पुरानी हो चली है और यह भी काला धुआं छोड़ने लगी है जिससे लोगों के चेहरे काले हो रहे हैं.' जबलपुरः  कांग्रेस प्रत्याशी मोहन सिंह चंदेल के पक्ष में चुनावी सभा को किया संबोधित करने सिवनी पहुंचे कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने केंद्र और राज्य सरकार पर जमकर निशाना साधा. जहां एक ओर सिद्धू ने मोदी सरकार को अदानी और अंबानी की कठपुतली बताया तो वहीं  शिवराज सरकार की तुलना  15 साल पुरानी गाड़ी से की. सभा में करीब 5 घंटे की देरी से पहुंचने के बाद सिद्धू ने अपने चिर-परिचित अंदाज में केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार पर निशाना साधा और आरोप लगाते हुए कहा कि 'मोदी सरकार पूंजीपतियों के हाथ की कठपुतली बनकर काम कर रही है. मोदी सरकार ने अदानी और अंबानी को लाखों करोड़ों का कर्जा माफ कर दिया और अगर किसान के ऊपर कर्ज होता तो उसे जलील किया जाता है.' कांग्रेस ने लिखा गृह मंत्रालय को पत्र, नवजोत सिंह सिद्धू के लिए मांगी CISF सुरक्षा वहीं पीएम मोदी के अंदाज में सिद्धू ने सवाल पूछते हुए लोगों से पूछा कि 'बहनों-भाइयों आपके खते में 15 लाख रुपये, दो करोड़ लोगों ...

शरद पवार अब नहीं लड़ेंगे चुनाव? इस ओर किया बड़ा इशारा..

पुणे:  राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार से जब पूछा गया कि क्या वह पुणे से अगला लोकसभा चुनाव लड़ने पर विचार करेंगे तो उनका बस यह जवाब था, ‘‘अब और चुनाव नहीं.’’ शरद पवार ने जब यहां एक कॉलेज में पढ़ने के दौरान लगातार चार साल चुनाव जीतने समेत पुणे से अपने लंबे जुड़ाव की चर्चा की, तब यह सवाल उठा. राकांपा प्रमुख ने कहा, ‘‘शायद, कॉलेज में लड़े गये और जीते गये चुनाव संसद और (महाराष्ट्र) विधानसभा में चुनावी राजनीति के मेरे 52 साल की बुनियाद थे.’’ शरद पवार और त्रिपुरा के पूर्व राज्यपाल श्रीनिवास पाटिल का यहां रविवार को ‘‘पुणे एकेकाली’’ नामक एक कॉफी-टेबल बुक के विमोचन के मौके पर सुधीर गाडगिल साक्षात्कार ले रहे थे. महाराष्ट्र के दूसरे सबसे बड़े शहर पर यह बुक आधारित है. इस पर गाडगिल ने पूछा कि क्या वह पुणे से अगले साल आम चुनाव लड़ने पर विचार करेंगे जहां से उनका लंबा जुड़ाव रहा है. तो उनका जवाब था, ‘‘अब चुनाव नहीं.’’ शरद पवार ने पिछले दिनों कहा कि गैर-बीजेपी दल सरकार का मुकाबला करने के लिए एक न्यूनतम साझा कार्यक्रम लायेंगे.(फाइल फोटो) विपक्षी महागठबंधन हालांकि आगामी लोकसभा चु...

क्‍या कांग्रेस के साथ गठबंधन करेंगे अठावले? बोले- 'हवा का रुख देखकर निर्णय लूंगा'

    नई दिल्‍ली :  रिपब्ल्किन पार्टी ऑफ इंडिया के प्रमुख और केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास अठावले ने शुक्रवार को कांग्रेस के साथ गठबंधन के मामले पर प्रतिक्रिया दी. उन्‍होंने मुंबई में शुक्रवार को आयोजित एक कार्यक्रम में कहा 'कांग्रेस के नसीम खान बोल रहे हैं कि तुम हमारे साथ आ जाओ. मैं 10-15 साल कांग्रेस में रहा, इधर भी मुझे 15-20 साल रहना होगा.' उन्‍होंने कहा कि जब तक बीजेपी सरकार है तब तक मैं यहां रहूंगा. अठावले ने कहा 'जब मैं  अंदाजा लगा लूंगा कि हवा किस दिशा में है, तब मैं कोई निर्णय लूंगा.' बता दें कि रिपब्ल्किन पार्टी ऑफ इंडिया के प्रमुख रामदास अठावले ने पिछले दिनों छत्‍तीसगढ़ विधानसभा चुनाव को लेकर भी बयान दिया था. उन्‍होंने इस दौरान बीजेपी को समर्थन की बात कही थी. उन्‍होंने दावा किया था कि छत्‍तीसगढ़ की 90 विधानसभा सीटों में से 83 सीटों पर उनकी पार्टी बीजेपी को समर्थन कर रही है. वहीं बची हुई 7 सीटों पर उनकी पार्टी अपने प्रत्‍याशी उतारेगी. उन्‍होंने उस दौरान छत्‍तीसगढ़ के मुख्‍यमंत्री रमन सिंह के कार्यों की तारीफ भी की थी. फाइल फोटो इससे पहले भी अठावले केंद्र की बीजे...

न ममता दीदी, न तृणमूल कांग्रेस बंगाल का किला फतह करने में ये है BJP की सबसे बड़ी चुनौती

नई दिल्ली:  आगामी 2019 लोकसभा को लेकर  भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)  अभी से तैयारियों में जुट गई है.  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  ने जहां 15 अगस्त पर लाल किले के प्राचीर से दिए गए भाषण में चुनाव प्रचार की शुरुआत कर दी है, वहीं पार्टी अध्यक्ष  अमित शाह  ताबड़तोड़ अलग-अलग राज्यों के दौरे कर रहे हैं. लोकसभा सीटों के लिहाज से सबसे बड़े उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी की संभावित गठबंधन से बीजेपी के लिए खड़ी हुई मुश्किल को देखते हुए अमित शाह ने दूसरे राज्यों पर फोकस करना शुरू कर दिया है. बीजेपी की अब तक की प्लानिंग पर नजर डालें तो पता चलता है कि वह यूपी में होने वाले संभावित नुकसान की भरपाई दूसरे राज्यों से करने की तैयारी में है. इस हिसाब से पश्चिम बंगाल बीजेपी के लिए बेहद अहम राज्य है. वामदलों के कमजोर होने के बाद पश्चिम बंगाल की राजनीति में जो जगह खाली हुई है उसमें बीजेपी विकल्प बनना चाह रही है. हाल के दौर में हुए चुनाव के रिजल्ट पर नजर डालें तो स्पष्ट है कि वोटों के हिसाब से बीजेपी पश्चिम बंगाल में दूसरी बड़ी पार्टी है. ऐसे में तय है कि 2019 के लोकसभा चुनाव में राज्य क...

UP में SP, BSP और कांग्रेस की चुनौती से निपटने के लिए BJP का इन 130 सीटों का गेमप्‍लान

नई दिल्‍ली:  2019 के लोकसभा चुनावों के मद्देनजर यूपी में सपा, बसपा, कांग्रेस और रालोद की बढ़ती जुगलबंदी के बीच राजनीतिक विश्‍लेषक अनुमान लगा रहे हैं कि बदलती परिस्थितियों में  बीजेपी  के लिए यहां से पिछले बार जैसा प्रदर्शन दोहराना आसान नहीं होगा. 2014 लोकसभा चुनाव में राज्‍य की 80 लोकसभा सीटों में से बीजेपी ने सहयोगी अपना दल के साथ 73 सीटें जीती थीं. हालांकि बीजेपी यह दावा कर रही है कि यूपी में विपक्षी एकजुटता के बावजूद उसको नुकसान नहीं होगा लेकिन इसके साथ ही संभावित नुकसान की स्थिति में पार्टी ने उन क्षेत्रों की तरफ फोकस करना शुरू कर दिया है जहां पिछली बार बीजेपी को ज्‍यादा सफलता नहीं मिली है. इस कड़ी में द इंडियन एक्‍सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक बीजेपी ने पांच दक्षिणी राज्‍यों आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, तमिलनाडु, केरल एवं केंद्रशासित प्रदेश पुडुचेरी की कुल 130 सीटों पर निगाहें जमा दी हैं. रिपोर्ट के मुताबिक बीजेपी ने इन राज्‍यों में व्‍यवहारिक नीति को अपनाते हुए गठबंधन साथियों की तलाश शुरू कर दी है. दरअसल 2014 के आम चुनाव में बीजेपी को इन राज्‍यों की 130 सीटों में से केवल 20 पर...

लोकसभा चुनाव को लेकर UP बीजेपी ने बनाई खास 'रणनीति', 74 सीटें जीतने का रखा लक्ष्य

मेरठ :  आगामी लोकसभा चुनावों को लेकर उत्तर प्रदेश बीजेपी इकाई ने भी तैयारियां शुरू कर दी हैं. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की प्रदेश कार्यसमिति की मेरठ में चल रही बैठक के दूसरे दिन राजनीतिक प्रस्ताव पास किया गया. इस प्रस्ताव के जरिए लोकसभा चुनाव 2019 से पहले संगठन के एजेंडे का खाका तैयार किया गया है. पार्टी ने अगले छह महीनों के लिए संगठन और अलग-अलग मोर्चों के कार्यों का विभाजन कर दिया है, जिस पर आने वाले समय में पार्टी काम करती दिखाई देगी. बैठक को संबोधित करते हुए बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने कहा कि हमें 2019 के लोकसभा चुनाव में 73 सीटों से 74 सीटों करनी हैं. शाह ने ये भी कहा कि महागठबंधन से घबराने की ज़रूरत नहीं हैं. चुनाव हम ही जीतेंगे बस आप केंद्र में मोदी सरकार की और राज्य में योगी सरकार की योजनाओं को जनता तक लेकर जाएं. अमित शाह के NRC के मुद्दे पर कहा कि हम बांग्लादेशी घुसपैठियों को देश में नहीं रहने देंगे, लेकिन जो हिंदू शरणार्थी हैं उन्हें पूरा सम्मान देंगे. हिंदू शरणार्थियों को घबराने की ज़रूरत नहीं हैं. शाह ने कहा कि योगी सरकार अच्छा काम कर रही हैं सरकार की उपलब्धियो...

मिशन 2019: युवा वोटरों के लिए BJP का 'खास' प्‍लान, हर बूथ पर उतारेगी 5 साइबर योद्धा

नई दिल्‍ली:  अगले साल होने जा रहे लोकसभा के चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने सूचना प्रौद्योगिकी प्लेटफार्म और सोशल मीडिया पर विपक्ष के हमले का जवाब देने के लिए किलेबंदी की है. पार्टी की ‘साइबर सेना’ हर मतदान केंद्र (बूथ) पर पांच लोगों तक पहुंच बनाकर विपक्ष के दुष्प्रचार के खिलाफ बीजेपी की उपलब्धियों की तथ्यात्मक तस्वीर पेश करेगी. बीजेपी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने बताया कि आज के सूचना क्रांति के युग में सूचना प्रौद्योगिकी प्लेटफार्म, सोशल मीडिया का प्रभाव किसी से छिपा नहीं है. आने वाले चुनाव में काफी संख्या में युवा पहली बार वोट डालेंगे. देश के दूरदराज के क्षेत्रों में भी लोग सोशल मीडिया से जुड़े हैं. उन्होंने कहा, ‘‘ऐसे में पार्टी दूरदराज के क्षेत्रों में सूचना प्रौद्योगकी प्लेटफार्म के जरिये जन जन तक सरकार के कार्यों की सही तस्वीर पेश करेगी.’’ बीजेपी की साइबर सेना विपक्षी दलों के आरोपों का जवाब देने के लिए विशेष रूप से काम कर रही है. इसके लिए विभिन्न विषयों पर डाटा बैंक तैयार किया जा रहा है ताकि, आरोपों का जवाब तथ्य और आंकड़ों के साथ दिया जा सके. पार्टी की सोशल मीडिया टीम तीन स्तरों पर ...

बीजेपी की पिछली बार जीती हुई 282 में से 221 सीटों में छुपा है हार-जीत का खेल

नई दिल्‍ली:  क्‍या 2019 में भी  मोदी लहर  का जलवा बरकरार रहेगा? बीजेपी इस बार अपने दम पर 300 से भी ज्‍यादा सीटें जीतने का दावा कर रही है. क्‍या ऐसा संभव होगा? इस बार विपक्ष की बढ़ती एकजुटता क्‍या बीजेपी के खिलाफ मजबूत घेराबंदी कर पाएगी? लोकसभा चुनावों की सुगबुगाहट के बीच कमोबेश इसी तरह के सवाल लोगों के जेहन में उभर रहे हैं. राजनी‍तिक विश्‍लेषक भी तमाम किस्‍म के किंतु-परंतु की चर्चा कर रहे हैं. इसी कड़ी में मशहूर लेखक और स्‍तंभकार  चेतन भगत  ने द टाइम्‍स ऑफ इंडिया के अपने नियमित आर्टिकल में बहुत ही रोचक विश्‍लेषण पेश किया है. उन्‍होंने मौजूदा परिस्थितियों के लिहाज से पिछली बार बीजेपी की लोकसभा में जीती हुई 282 सीटों को बेस बनाते हुए बीजेपी बनाम विपक्षी एकजुटता पर अपना नजरिया पेश किया है. उन्‍होंने बताया है कि पिछली बार बीजेपी को तीन क्षेत्रों से 282 में से सर्वाधिक 221 सीटें मिली थीं. लिहाजा अबकी बार बीजेपी के प्रदर्शन और विपक्षी एकजुटता के बीच मुकाबला होने पर क्‍या सियासी सीन बन सकता है, उसका आकलन यहां किया जा रहा है: 1.  यूपी की 80 लोकसभा सीटों में से पिछली बार बीजेपी ने अपने दम पर 71...

कांग्रेस की सबसे 'कमजोर नस' को आज दबाएगी बीजेपी, देशभर में करेगी विरोध-प्रदर्शन

नई दिल्ली:  मौजूदा वक्त में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी समेत पार्टी के सभी बड़े नेता बीजेपी की मौजूदा सरकार पर प्रेस पर पाबंदी आजादी लगाने का आरोप लगा रहे हैं. अगले साल 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव को देखते हुए कांग्रेस इस मुद्दे को जोर-शोर से उठा रही है. वहीं इस मोर्चे पर कांग्रेस को चित करने के लिए बीजेपी सोमवार (25 जून) को देशभर इंदिरा गांधी के दौर में देश पर लगे सबसे बड़े घाव इमरजेंसी को कुरेदेगी. दरअसल, साल 1975 की 25-26 जून की रात को  आपातकाल  लगाया गया था. 43 साल बाद बीजेपी पूरे देश में आपातकाल विरोधी दिवस मना रही है. मीसा कानून के प्रभावितों को अभिनंदन करेंगे शाह बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह पार्टी की गुजरात इकाई के दो दिवसीय चिंतन शिविर के दूसरे दिन के कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे. वे यहीं लोगों को आपातकाल के दिनों की याद दिलाएंगे. पार्टी ने यहां एक बयान जारी कर बताया कि वह एक कार्यक्रम में भी शिरकत करेंगे जहां आपातकाल में मीसा कानून से प्रभावित हुए लोगों का अभिनंदन किया जाएगा. आपातकाल के दौरान इस कुख्यात कानून का राजनीतिक कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के लिए बड़े पैमाने पर इस्तेमाल ...

2019 में सिर्फ 250 सीटों पर ही लड़ सकती है कांग्रेस, ये 44 सीटें किसी को नहीं देगी- सूत्र

नई दिल्‍ली (रवि त्रिपाठी) :  2019 में होने वाले आम चुनावों  के लिए कांग्रेस ने महागठबंधन का ब्‍लू प्र‍िंट तैयार कर लिया है. सूत्रों के हवाले से बड़ी खबर आ रही है कि कांग्रेस आजादी के बाद से सबसे कम लोकसभा सीटों ( तकरीबन 250 ) पर चुनाव लड़ सकती है. सूत्र बता रहे हैं कि वह ऐसा इसलिए करेगी, ताकि महागठबंधन के जरिए मोदी लहर को रोका जा सके. इस पर स्थानीय स्तर की रिपोर्ट्स आने के बाद एंटनी कमेटी, कांग्रेस अध्यक्ष की सलाह से अंतिम निर्णय लेगी. सूत्रों के मुता‍बिक, रणनीति के मुताबिक कांग्रेस की वह 44 सीटें किसी को नहीं देगी, जहां पिछले लोकसभा चुनाव में जीती थी. हालांकि बाकी सीटों को वह गठबंधन में रखेगी, लेकिन उन 224 सीटों पर चुनाव लड़ने का जोर गाएगी, जहां वह दूसरे नंबर पर रही थी. इनमें मध्यप्रदेश, राजस्थान और गुजरात जैसे राज्य शामिल हैं. यहां भाजपा के खिलाफ वही अकेली बड़ी पार्टी है. ये भी पढ़ें-  UP: बीजेपी को हराने के लिए SP-BSP, कांग्रेस साथ लड़ेंगे चुनाव, ये रहेगा सीट शेयरिंग का फॉर्मूला इस तरह कांग्रेस करीब 250 सीटों पर लड़ने की रणनीति बना रही है. अगर गठबंधन में कहीं दिक्कत आती है, तो क्षेत्रीय द...

तो बीजेपी से नहीं आरजेडी के टिकट पर इस सीट से चुनाव लड़ेंगे शत्रुघ्न सिन्हा!

पटना:  बिहार में पाक माह रमजान के मौके पर राजनीतिक दलों द्वारा 'दावत-ए-इफ्तार' की परंपरा पुरानी है, लेकिन इस वर्ष राजनीतिक दलों द्वारा आयोजित दावतों में सियासी चेहरे बदले नजर आए, जो भविष्य की राजनीति की बदलती तस्वीर के संकेत भी दे गए. आरजेडी की दावत से अशोक चौधरी और नीतीश कुमार नदारद रहे, जबकि भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के दिग्गज नेता, सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री  शत्रुघ्न सिन्हा  ने आरजेडी की ओर से दी गई दावत की शोभा बढ़ाई. इसी के साथ यह भी लगभग तय हो गया है कि शत्रुघ्न सिन्हा 2019 का लोकसभा चुनाव बीजेपी की ओर से नहीं बल्कि आरजेडी की ओर से लड़ेंगे. तेजस्वी की इफ्तार पार्टी में आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद की बेटी और सांसद मीसा भारती ने अगले लोकसभा चुनाव में शत्रुघ्न सिन्हा को पटना साहिब से आरजेडी का टिकट दिए जाने की घोषणा की. इससे उन्होंने बिहार में सियासी समीकरण बदलने के आसार पर मुहर भी लगा दी. बीजेपी सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने भी अपने अंदाज में कहा, "सिचुएशन जो भी हो, स्थान यही होगा." शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा, "लालू जी, राबड़ी जी, तेजस्वी, तेज, मीसा मेरे पारिवा...

अखिलेश का ऐलान...खुद कन्नौज से और मुलायम सिंह मैनपुरी सीट से लड़ेंगे चुनाव

कन्नौज:  सपा प्रमुख अखिलेश यादव  ने कहा कि वे कन्नौज सीट से  लोकसभा चुनाव लड़ेंगे, जबकि मुलायम सिंह यादव मैनपुरी सीट से चुनाव लड़ेंगे. कन्नौज में कार्यकर्ताओं की चुनावी समीक्षा बैठक के दौरान अखिलेश यादव ने कहा कि सभी लोकसभा सीट की तैयारियों की समीक्षा मैं खुद करूंगा. गठबंधन को लेकर उन्होंने ज्यादा कुछ नहीं बोला, लेकिन गठबंधन में फिलहाल सपा और बसपा शामिल है. हो सकता है कि कांग्रेस भी इस गठबंधन में शामिल हो. इसलिए, सीटों के बंटवारे को लेकर वे ज्यादा कुछ नहीं बोले. उन्होंने कहा कि सही वक्त पर सीटों को लेकर उचित फैसला लिया जाएगा. डिंपल यादव के चुनाव लड़ने को लेकर अखिलेश ने कहा कि वे इस बार चुनाव नहीं लड़ेंगी. बता दें, डिंपल यादव वर्तमान में कन्नौज सीट से सांसद हैं. इसी सीट से अखिलेश ने आगामी लोकसभा चुनाव लड़ने का फैसला किया है. सही वक्त पर होगा सीटों को लेकर फैसला- अखिलेश अखिलेश ने पार्टी के कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे हर हाल में गठबंधन के उम्मीदवारों को जिताने का काम करेंगे. गठबंधन का प्रत्याशी मतलब वह हम सभी का प्रत्याशी होगा. परिवारवाद के मुद्दे पर अखिलेश यादव ने कहा कि बीजेपी अपना पर...

BJP ने बनाया 'कोरोमंडल प्लान', कामयाब हुई तो विपक्षी एकता की निकलेगी हवा

नई दिल्ली:   समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी ) के गठजोड़ के बाद उत्तर प्रदेश में लोकसभा सीटें घटने की आशंका के बीच बीजेपी ने इसकी भरपाई के लिए प्लानिंग शुरू कर दी है.  बीजेपी  साल  2019 के लोकसभा चुनाव की तैयारी के संदर्भ में कोरोमंडल समुद्रतट के किनारे बसे दक्षिणी एवं पूर्वी तटीय राज्यों में पूर्वोत्तर की तर्ज पर छोटे दलों को साथ लाने की संभावना पर विचार कर रही है. आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना, केरल तमिलनाडु के अलावा ओडिशा एवं पश्विम बंगाल जैसे इन राज्यों में क्षेत्रीय दलों का दबदबा है. पूर्वोत्तर के राज्यों मेंबीजेपी ने करीब दो साल पहले छोटे राजनीतिक दलों के साथ नार्थ ईस्ट डेमोक्रेटिक एलायंस (नेडा) का गठन किया था. इस गठबंधन के संयोजन की जिम्मेदारी कांग्रेस सेबीजेपी में आए असम के वरिष्ठ नेता हेमंत विश्व शर्मा को दिया गया था और यह गठजोड़ पांच राज्यों में सरकार बनाने में सफल रहा. राम माधव और मुरलीधर राव की बढ़ सकती है जिम्मेदारी समझा जाता है कि कर्नाटक में विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरने के बावजूद सरकार बनाने में विफल रहने के बाद बीजेपी नेतृत्व दक्...